शताब्दी गौरव परिवार द्वारा 6000 उपवास के महान तपस्वी दर्शनाबेन की अनुमोदना

शताब्दी गौरव परिवार द्वारा 6000 उपवास के महान तपस्वी दर्शनाबेन की अनुमोदना

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बेंगकोक। बेंगकोक में रह कर भी महान तपस्वी दर्शनाबेन ने जिनशासन के तप जप के दिये जलाए। जैन सिद्धांतो की जय जयकार करते हुये पिछले 23 साल से, उपवास कर रही है। यानि आज तक 2000 अठ्ठम कर चूकी है। हर चोथे दिन भोजन लेते है। पारणा के साथ यानि एकासना करके सालो से उबला हुआ पानी ही पीते हे, वो भी सूर्योदय के बाद ओर सूर्यास्त होने से पहले। आज तक कई बार तबियत ठीक ना हो तो भी, कभी अपना नियम नही तोडा। 1993 मे समेतशिखर तीर्थ की रक्षा के लिये आचार्य भगवंत युगभूषणसुरिश्वरजी म.सा. के आर्शीवाद से अठ्ठम तप शुरु किया था। पंचम काल  के महान तपस्वी दर्शनाबेन के 6000 उपवास गत दिनों 5/6/16 को बेंगकोक मे पूर्ण हुये। शताब्दी गौरव परिवार उनकी तपस्याओं की अनुमोदना करता है।