श्री राजराजेंद्र बसंतीदेवी किशोरमल चेरीटेबल ट्रस्ट रानी-मुंबई द्वारा सिरोही से जीरावला तक...

श्री राजराजेंद्र बसंतीदेवी किशोरमल चेरीटेबल ट्रस्ट रानी-मुंबई द्वारा सिरोही से जीरावला तक लगाए जाएंगे नीम के पेड़

SHARE
Click To Enlarge

जिला मुख्यालय सिरोही से लेकर जीरावल तक सडक़ के दोनों किनारों पर करीब 30 हजार नीम के पेड़ लगाए जाएंगे। इसका समस्त खर्च खीमावत ट्रस्ट उठाएगा। पौधरोपण का शुभारंभ जीरावल ग्राम पंचायत के बाहर पौधरोपण से किया गया। जीरावला सरपंच वीणा देवी रावल, भाजयुमो जिला महामंत्री प्रकाश रावल, खीमावत ट्रस्ट के पदाधिकारियों और ग्राम पंचायत सदस्यों ने पौधरोपण में भाग लिया।

श्रीराजराजेंद्र बसंतीदेवी किशोरमल चेरीटेबल ट्रस्ट रानी-मुंबई के मगनभाई ने बताया कि सिरोही से जीरावल तक 120 किलोमीटर लंबी सडक़ के दोनों तरफ नीम के पेड़ लगाए जाएंगे। पेड़ लगाने के लिए ट्रस्ट पिछले करीब दो माह से तैयारियों में जुटा हुआ है, जिसका शुभारंभ पंचायत परिसर में नीम को पौधा लगाकर किया। उन्होंने बताया कि सिरोही से जीरावला की दूरी करीब 60 किलोमीटर है। ऐसे में सडक़ के दोनों तरफ नीम लगाने जाएंगे जो करीब 120 किलोमीटर होगा। सडक़ के दोनों किनारों पर कुल 30 हजार नीम के पेड़ लगाए जाएंगे। नीम के पौधे लगाने से लेकर उसके फल फूलने तक का समस्त खर्च ट्रस्ट की ओर से वहन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि नीम को पौधा छायादार होने से उसका चयन किया गया है, ताकि राहगीरों को छाया मिलती रहे।

ट्रस्ट की पहल को सरपंच ने सराहा: ट्रस्ट द्वारा लगाए जा रहे नीम के पेड़ों का शुभारंभ जीरावला सरपंच वीणादेवी रावल ने ग्राम पंचायत भवन परिसर से किया गया। इस दौरान सरपंच ने कहा की पेड़ जीवन का आधार है। पेड़ हमें फल, फूल, छाया और इससे भी बढक़र हमें ऑक्सीजन देता है, जिससे हमारी सांसें चलती है, लेकिन पेड़ों के प्रति जागरूकता के कमी से इनकी संख्या घट रही है। ऐसे में खीमावत ट्रस्ट की यह पहल काबिले तारीफ है। इस मौके नारायणलाल चौधरी, हेमाराम देवासी, भगवानाराम देवासी सहित कई ग्रामीण उपस्थित थे।

अगले माह तक लग जाएंगे सभी पौधे:

सिरोही से जीरावला तक लगाए जाने वाले नीम के पौधों की देखभाल का पूरा जिम्मा ट्रस्ट उठाएगा। ट्रस्ट के मगनभाई ने बताया कि अगले माह मई तक 120 किलोमीटर तक सडक़ के दोनों तरफ पौधरोपण का कार्य पूर्ण कर लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि अगर कोई नीम का पौधा किसी कारणवश सूखेगा तो ट्रस्ट दुबारा लगाएगा। नीम के पौधों की देख रेख के लिए स्थाई रूप से स्टाफ लगाया जाएगा। यह स्टाफ पौधा की निगरानी के साथ इसके फलने फूलने का काम देखेगा। ट्रस्ट की ओर से पानी के लिए पर्याप्त संसाधन लगाए जाएंगे।

सिरोही से जीरावला के बाद जीरावला से भीनमाल और भीनमाल से जालोर तक का क्षेत्र भी ट्रस्ट अपने अंदर लेकर यहाँ भी नीम के पेड़ लगाएगा। इसके अलावा अगले महीने ५०,००० स्क्वेयर वर्ग के गार्डन का काम पाली पोलीस लाईन क्षेत्र में शुरु किया जाएगा। अब तक ट्रस्ट द्वारा १० लाख पेड़ लगाए गए है। साल के अंत तक १०,५०,००० पेड़ की संख्या तक पहुंचेंगे। साथ ३ लाख स्क्वेयर वर्ग का गार्डन एरिया भी राजस्थान के विभिन्न इलाकों में बनाया गया है।

पिछले वर्ष ट्रस्ट ने नाकोडा से राणकपुर, बिजोवा से खौड जैतपुरा, बिजोवा से नादाणा, खीमेल से खुडाला और रानीगांव से बिरामी तक पेड़ लगाए थे और मथुरादास जोधपुर अस्पताल में २५ हजार स्क्वेयर वर्ग के गार्डन एरिया में भी पेड लगाएंगे। राहुल खीमावत के अनुसार यह सब स्व. किशोरजी खीमावत की दूरदृष्टी और परिवार व मित्रों के सहयोग से संभव हुआ है।

जोधपुर से रामदेवरा तक लगा चुके है नीम:

मगनभाईने बताया कि उनका ट्रस्ट राज्य भर में कई जगहों पर नीम के पेड़ लगाने की योजना बना है और कुछ जगहों पर लगा भी चुका है। उन्होंने बताया कि 4 साल पहले जोधपुर से रामदेवरा तक करीब 360 किलोमीटर तक नीम के पौधे लगाए गए थे। पहले जहां इस पूरे रोड पर लोग छाया को तरसते थे, लेकिन अब सडक़ के दोनों तरफ पेड़ों की छाया और हरियाली छा गई है।

रेवदर, जीरावला ग्राम पंचायत के बाहर पौधरोपण कर अभियान का शुभांरभ किया।